भारत में आदिवासियों के कई जातियों में संथाल जाति एक ऐसी जनजाति है जिसकी आबादी अनुसूचित जनजाति के रूप में इस देश में सबसे अधिक है . सदियो से ही इस जनजाति के लोगों का पहाडों और जंगलों से इनका पुराना नाता रहा है. आदिवासी मूल रूप से प्रकृतिक पूजक होते हैं.ये जाति अमन पसंद जाति है और इनकी अपनी अलग ही रीति रिवाज है जो पीढ़ी दर पीढ़ी चलती रहती है या एक तरह से कहा जाये ये अपने समाज और समाज में होने वाले नियम कायदे अपने नए पीढ़ी को मौखिक रूप से सिखाया जाता है.
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